खबर - विकास कनवा
उदयपुरवाटी ।कस्बे मे सात बन्ती पर स्थित खटिक धर्मशाला मे डॉ अम्बेडकर महापरिनिर्वाण दिवस धूमधाम से मनाया 62वां डॉ अम्बेडकर महापरिनिर्वाण दिवस मनाया। महात्मा ज्योतिबाफुले व डाँ.भीमराव अम्बेडकर की प्रतिमा पर पुष्पांजलि कि गई।उन्हें, "भारतीय संविधान का जनक" कहा जाता है। भारत के लोग सुंदर ढंग से सजायी गयी प्रतिमा पर फूल, माला, दीपक और मोमबत्ती जलाकर और साहित्य की भेंट करके उन्हें श्रद्धांजलि दी हैं।उदयपुरवाटी मे भीमराव आंबेडकर की प्रतिमा लगाने को लेकर हुई अनेक चर्चा समाज की दिशा दशा पर किया चिन्तन किया गया।इस अवसर पर राजेन्द्र ढेनवाल ,गिरधारी लाल राठी ,नांगल सरपंच अर्जुन लाल वर्मा, सुमेर मीणा, राधेश्याम रचेता, श्रवण सैनी, विकास कनवा,अजय तसीड़, श्री राम सैनी, सुनील ढेनवाल,भोलाराम गुर्जर,कमलेश, कमल ढडिया,श्याम लाल सैनी, अनेक लोगों मौजूद थे।
