खबर - हिमांशु मिढ़ा
हनुमानगढ़।जंक्शन में वार्ड 38 की महिला पार्षद परमजीत सोनी के घर व कार्यालय पर हुए हमले के मामले में त्वरित कार्रवाई की मांग को लेकर शहर के भाजपा पार्षद वीरवार को नगर परिषद सभापति राजकुमार हिसारिया के नेतृत्व में जिला पुलिस अधीक्षक शरत कविराज से मिले तथा आरोपितों की शीघ्र गिरफ्तारी की मांग दोहराई। उधर मामले में अभी तक पुलिस आरोपितों को पकडऩे में सफल नहीं हो पाई है। एसपी से मिले पार्षदों का कहना था कि तीन माह बीत जाने के बावजूद भी अभी तक मामले में एक भी आरोपी की गिरफ्तारी नहीं होना पुलिस कार्यप्रणाली पर संदेह पैदा करता है। उनका कहना था कि एक पार्षद के घर व कार्यालय पर हुआ हमला पुलिस की निष्क्रियता का उदाहरण है। पीडि़त अमरजीत सोनी ने बताया कि हमलावरों द्वारा बार-बार किए जा रहे धमकी भरे फोनों से घर से बाहर निकलना भी मुश्किल हो गया है। उन्होंने कहा कि पुलिस ने मामले में दो जनों को पूछताछ के लिए पकड़ा था लेकिन उन्हें छोड़ दिया गया। हरकमल सोनी ने बताया कि मामले में पुलिस की निष्क्रियता के कारण आरोपी पुलिस पकड़ से दूर हैं। उन्होंने बताया कि आरोपियों की गिरफ्तारी न होने से उनके परिवार में अभी भी बना हुआ है क्योंकि हमलावर कभी भी उन पर दोबारा हमला कर सकते हैं। आपको बता दें कि हमले के मामले में आरोपितों की हाईकोर्ट से जमानतें रद्द हो चुकी हैं। फिर भी पुलिस मामले को सुलझाने में अभी तक असफल रही है। उल्लेखनीय है कि 27 फरवरी की रात करीब दस बजे वार्ड नंबर 38 की भाजपा से महिला पार्षद परमजीत कौर सोनी के ससुर हरकमल सोनी के फायनेंस संबंधी कार्यालय में कर्मचारी जगसीर सिंह, लवनीश व अश्विनी गर्ग मौजूद थे। तभी वहां अश्विनी शर्मा पुत्र रामनिवास निवासी हाउसिंग बोर्ड व 10-15 अन्य तलवार, गंडासी आदि हथियारों से लैस होकर आये तथा जान से मारने की नियत से हमला कर दिया तथा कार्यालय में भी तोडफ़ोड़ की। हमले में कार्यालय के तीनों कर्मचारी गंभीर रूप से घायल हो गये। इसके बाद उक्त हमलावर गांधीनगर स्थित महिला पार्षद के निवास पर भी पहुंचे तथा वहां भी पत्थर व ईंटों से हमला कर तोडफ़ोड़ की। जिससे घर में रखे सामान को नुकसान पहुंचा। सूचना मिलने पर पुलिस ने मौका मुआयना कर घटनाक्रम की जानकारी भी ली थी। पुलिस ने इस संबंध में हरकमल सोनी व उसके पुत्र बीनू उर्फ तपराज सिंह की सूचना पर अश्वनी शर्मा सहित 15-20 लोगों के खिलाफ अलग-अलग मामले दर्ज किए थे। मामले में कोई सुराग हाथ नहीं लगने के विरोध में पार्षद पूर्व में जिला पुलिस अधीक्षक से मिल चुके हैं लेकिन अभी तक मामले में कोई प्रगति नहीं हुई। जिला पुलिस अधीक्षक शरत कविराज ने पार्षदों से मामले में नई टीम का गठन कर जांच करने व आरोपियों की शीघ्र गिरफ्तार कर पीडि़त को न्याय दिलवाने का आश्वासन दिया। इस अवसर पर नगर परिषद सभापति राजकुमार हिसारिया के अलावा उपसभापति नगीना बाई, जिला प्रमुख कृष्ण चोटिया, पार्षद सुरेश धमीजा, अमर सिंह राठौड़, राजेश कड़वासरा, जसपाल सिंह, पार्षद पति सुरेश महायच, मनोहरलाल सिंधी, जीतू सोनी, हरकमल सोनी, नगर मण्डल अध्यक्ष राजेन्द्र चौधरी, देहात प्रेम गोदारा, नरेन्द्र खिलेरी, विनोद, सेवाराम नागर, अनिल शर्मा, जसपाल सिंह, सुरेश धमीजा, राजेश कडवासरा, गुरदीप सिंह बराड, नरेन्द्र खिलेरी, बिल्लू सैन, राजेश पंवार, राकेश बघेल आदि मौजूद थे।
