खबर - अरविन्द मिश्रा
श्रीरामकथा के चैथे दिन करीबन 9000 श्रध्दालुओं ने कथा का श्रवण कीया तो भाव विभोर हुई बालाजी की नगरी
सालासर- सिध्दपीठ सालासर धाम में स्थानिय मोहनधाम में चल रही भगवान श्रीराम कथा के चतुर्थ दिवसीय वाचन में पूज्य भाईजी रमेश भाई ओझा ने रामचरित मानस की कथा में भगवान शिव और माता पार्वती के संवाद को बताते हुए कहा की माता पार्वती को सती के नाम से भी पुकारा जाता है, और सती का भावार्थ होता है बुध्दी, सती वो है जो आंखो से दिखाई देता हो। भगवान शंकर की पूजा नहीं करने वाला मानव भक्ति रहित रहता है देवों के देव महादेव तो साक्षात परम सत्य है। और आप सभी तो भगवान राम की कथा सुनने आये है तो सुनने से ही नहीं उसको श्रवण करते रहना चाहिए आने से नहीं मनन करने से भक्ति की प्राप्ती संभव है। ओझा ने बताया की माता सती भगवान शंकर से पूछ रही थी की हे देव क्या सच में भगवान श्रीराम धरती पर जन्म लेंगे तो महादेव ने कहा की पार्वती मेरे प्रभु श्रीराम जब जब धरती पर अन्याय,दुराचार बढा है तब तब इस भूमि पर भगवान जन्में हैं। और ये तो त्रेता युग है इसमें भी आप को विश्वास नहीं हो रहा है तो हे देवी आगे कलियुग भी आयेगा तब कौन विश्वास करेगा अभिप्राय ये है कि आप कानों से सुनी बात को नहीं मान रहे है तो देखकर मान लेना ही उचित होता है। अर्थात कीसी की कानों सुनी बात को सुनकर नहीं मानना चाहिए आंखो देखी मानना चाहिए ये ही सती का दूसरा नाम है। क्योंकि आंखो से जो दिखाई देता है वहीं सत्य होता है। परीक्षा बुध्दी से होती है और वट विश्वास का प्रतीक होता है भगवान शंकर ने सती माता का संशय मिटाने के लिए ऐसे वचन कहे। इसी कृम में कथा आरम्भ होने से पूर्व यजमान श्यामसुंदर अग्रवाल, आर.एन. अग्रवाल, विनोद अग्रवाल,पवन अग्रवाल, प्रदीप सरावगी, विधायक खेमाराम मेघवाल, संपत पुजारी, कन्हैयालाल देरासरी,मांगीलाल पुजारी,हीरालाल पुजारी,भगवानाराम ढाका, गोपीराम प्रजापत,हनुमान सेवा समिती अध्यक्ष विजयकुमार पुजारी,भंवरलाल पुजारी, मनेाज भाणेज,कुंभाराम ढुकिया,रामजीलाल पुजारी,बिहारीलाल पुजारी,सत्यप्रकाश पुजारी ने कथा की पूजा अर्चना की । इस पावन अवसर पर कांग्रेस जिलाध्यक्ष भंवरलाल पुजारी ने अपने सूक्ष्म संबोधन में कहा कि श्री सालासरधाम में विश्वप्रसिध्द पूज्य भाईजी श्री रमेश भाई ओझा के मुखारविंद से श्रीराम कथा का वाचन हो रहा है और अपार श्रध्दालुओ की भीड पूरा वातावरण राममय हो गया साथ ही आयेाजक श्यामसुंदर अग्रवाल को साधुवाद देते हुए सालासरधाम के विकास कार्यों मे सहयोग के लिए धन्यवाद दिया।
