सीईओ डॉ वीसी गर्ग ने अरनोद पंचायत समिति पर हुई बैठक में ग्राम पंचायत प्रभारियों को दिए निर्देश, कहा- 31 जुलाई तक ब्लॉक को करें ओडीएफ
प्रतापगढ़। जिले को जल्दी से जल्दी ओडीएफ करने के लिए किए जा रहे हरसंभव प्रयासों के तहत अब अध्यापकों को भी अपने-अपने क्षेत्रा में शौचालय निर्माण का लक्ष्य दिया जाएगा। अध्यापक आवंटित लक्ष्य के अनुसार अपने क्षेत्र के शौचालय से वंचित लोगों को स्वच्छता के लाभ बताते हुए टॉयलेट बनवाने के लिए प्रेरित करेंगें। मंगलवार को अरनोद ब्लॉक मुख्यालय पर हुई आमुखीकरण एवं समीक्षा कार्यशाला में सीईओ डॉ वीसी गर्ग ने ग्राम पंचायत प्रभारी बनाए गए पंचायत प्रारंभिक शिक्षा अधिकारियों को इस संबंध में निर्देश जारी किए। इस मौके पर उन्होंने ग्राम पंचायत प्रभारी, पटवारी, सरपंच, ग्रामसेवक व पंचायत सहायकों के साथ गत पांच महीने की प्रगति पर विचार-विमर्श किया और कहा कि सभी अधिकारी, कर्मचारी एवं जनप्रतिनिधि आपस में तालमेल से काम करते हुए 31 जुलाई तक जिले को ओडीएफ बनाएं। उन्होंने कहा कि अभियान में सहयोग नहीं करने वाले अधिकारियों व कर्मचारियों पर कार्रवाई की जाएगी तथा बेहतर काम करने वालों को सम्मानित किया जाएगा। उन्होंने नरेगा के श्रमिकों, विद्यार्थियों, स्वयं सहायता समूहों को टारगेट कर उन्हें अपने घर में शौचालय निर्माण के लिए प्रेरित करें और यह सुनिश्चित करें कि प्रत्येक योजना में ऐसे लोगों को प्राथमिकता दी जाए, जो अपने घर में शौचालय बना चुके हों। उन्होंने कहा कि अध्यापक अपने स्कूलों में विद्यार्थियों के माता-पिता को बुलाएं तथा उन्हें शौचालय निर्माण के लिए समझाएं। इस दौरान एसडीएम दीपेंद्र सिंह ने पटवारियों से कहा कि गांवों में अपने प्रभाव का इस्तेमाल कर ग्रामीणों को स्वच्छता के लिए प्रेेरित करें। विकास अधिकारी फिरोज खान ने अब तक की प्रगति से अवगत कराया और कहा कि कम प्रगति वाली पंचायतें एक्शन प्लान बनाकर काम करें ताकि बाकी पंचायतों के साथ ही खुले में शौच से मुक्त हो सकें। सभी संभागियों ने 31 जुलाई तक ब्लॉक को ओडीएफ करने का संकल्प लिया। इस दौरान बीईईओ, बीसीएमओ डॉ सुबोध अग्रवाल, ब्लॉक आयुर्वेद अधिकारी, जलदाय विभाग के सहायक अभियंता, एलएस सुधा सहित समस्त विभागों के ब्लॉक स्तरीय अधिकारी उपस्थित थे।
प्रतापगढ़। जिले को जल्दी से जल्दी ओडीएफ करने के लिए किए जा रहे हरसंभव प्रयासों के तहत अब अध्यापकों को भी अपने-अपने क्षेत्रा में शौचालय निर्माण का लक्ष्य दिया जाएगा। अध्यापक आवंटित लक्ष्य के अनुसार अपने क्षेत्र के शौचालय से वंचित लोगों को स्वच्छता के लाभ बताते हुए टॉयलेट बनवाने के लिए प्रेरित करेंगें। मंगलवार को अरनोद ब्लॉक मुख्यालय पर हुई आमुखीकरण एवं समीक्षा कार्यशाला में सीईओ डॉ वीसी गर्ग ने ग्राम पंचायत प्रभारी बनाए गए पंचायत प्रारंभिक शिक्षा अधिकारियों को इस संबंध में निर्देश जारी किए। इस मौके पर उन्होंने ग्राम पंचायत प्रभारी, पटवारी, सरपंच, ग्रामसेवक व पंचायत सहायकों के साथ गत पांच महीने की प्रगति पर विचार-विमर्श किया और कहा कि सभी अधिकारी, कर्मचारी एवं जनप्रतिनिधि आपस में तालमेल से काम करते हुए 31 जुलाई तक जिले को ओडीएफ बनाएं। उन्होंने कहा कि अभियान में सहयोग नहीं करने वाले अधिकारियों व कर्मचारियों पर कार्रवाई की जाएगी तथा बेहतर काम करने वालों को सम्मानित किया जाएगा। उन्होंने नरेगा के श्रमिकों, विद्यार्थियों, स्वयं सहायता समूहों को टारगेट कर उन्हें अपने घर में शौचालय निर्माण के लिए प्रेरित करें और यह सुनिश्चित करें कि प्रत्येक योजना में ऐसे लोगों को प्राथमिकता दी जाए, जो अपने घर में शौचालय बना चुके हों। उन्होंने कहा कि अध्यापक अपने स्कूलों में विद्यार्थियों के माता-पिता को बुलाएं तथा उन्हें शौचालय निर्माण के लिए समझाएं। इस दौरान एसडीएम दीपेंद्र सिंह ने पटवारियों से कहा कि गांवों में अपने प्रभाव का इस्तेमाल कर ग्रामीणों को स्वच्छता के लिए प्रेेरित करें। विकास अधिकारी फिरोज खान ने अब तक की प्रगति से अवगत कराया और कहा कि कम प्रगति वाली पंचायतें एक्शन प्लान बनाकर काम करें ताकि बाकी पंचायतों के साथ ही खुले में शौच से मुक्त हो सकें। सभी संभागियों ने 31 जुलाई तक ब्लॉक को ओडीएफ करने का संकल्प लिया। इस दौरान बीईईओ, बीसीएमओ डॉ सुबोध अग्रवाल, ब्लॉक आयुर्वेद अधिकारी, जलदाय विभाग के सहायक अभियंता, एलएस सुधा सहित समस्त विभागों के ब्लॉक स्तरीय अधिकारी उपस्थित थे।
